
1980 के दशक में 2 लाख 20 हज़ार से ज्यादा हिन्दू-सिख आबादी वाले अफगानिस्तान में मुजाहिदीन के शासन के बाद मात्र 1990 का दशक आते आते ये आबादी मात्र 15 हज़ार रह गयी है। एक दशक में 99% हिंदुओं और सिक्खों को अफगानिस्तान छोड़ना पड़ा था।
Nearly 99% Of #Hindus, #Sikhs Left #Afghanistan in Last Three decadeshttps://t.co/Vw0UjJvl1o@TOLOnews pic.twitter.com/26rGHGm7pM
— TOLOnews (@TOLOnews) June 20, 2016
लम्बे समय से चले आ रहे इस्लामिक कट्टरपंथियों के अत्याचारों के कारण अफगानिस्तान छोड़ने पर मजबूर हुए वहां के धार्मिक अल्पसंख्यकों के लिए लम्बे समय बाद एक राहत देने वाली खबर आई है।
अंग्रेजी न्यूज चैनल Wion के अनुसार अफगानिस्तान सरकार वहां के धार्मिक अल्पसंख्यक समुदाय अर्थात हिन्दू एवं सिख मतावलंबियों के आस्था स्थलों के पुनरुद्धार पर साढ़े छह लाख अमेरिकी डॉलर खर्च करने वाली है। -
#Watch | Afghanistan is set to renovate Hindu temples with over $650,000 to be spent@Shobhit10Mittal brings the report! pic.twitter.com/U2bHIDrIvX
— WION (@WIONews) February 13, 2020
Wion के अनुसार अब अफगानिस्तान में सिर्फ 10 गुरुद्वारा एवं मंदिर बचे है। जिनमें से अधिकतर राजधानी काबुल में ही है ऐसे में वहां की सरकार द्वारा मंदिरों एवं गुरुद्वारा जैसे धर्मस्थलों का पुनरूत्थान वहां के धार्मिक अल्पसंख्यकों में विश्वास जगाएगा।
संसद में गृहमंत्री अमित भाई शाह द्वारा जब भारत की सीमा से लगे पाकिस्तान, बांग्लादेश एवं अफगानिस्तान के धार्मिक अल्पसंख्यकों को नागरिकता देने वाला बिल CAB पेश किया था तब कुछ विपक्षी नेताओं ने गृहमंत्री के "भूगोल ज्ञान" पर प्रश्न उठाते हुए अफगानिस्तान को भारत का पड़ोसी देश मानने तक से इनकार कर दिया था और तब गृहमंत्री ने उन विपक्षी नेताओं को POK की 106 किमी सीमा के अफगानिस्तान से जुड़े होने एवं सम्पूर्ण कश्मीर का भारत का अभिन्न हिस्सा होने की बात याद दिलाई गई थी।
भारत की 106 किलोमीटर की जमीनी सीमा अफगानिस्तान से सटी हुई है। मैं रेकॉर्ड पर कह रहा हूं, उकसाने से कुछ नहीं होगा।
मैं इस देश के भूगोल को जानता हूं, मैं यहीं का हूंः गृह मंत्री श्री @AmitShah #CitizenshipAmendmentBill2019 pic.twitter.com/8eB22ERXZI
— BJP (@BJP4India) December 9, 2019
CAB में अफगानिस्तान के धार्मिक अल्पसंख्यकों को नागरिकता देने पर विपक्ष ने उठाए थे सवाल, गृहमंत्री शाह ने दिया था करारा जवाब
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